चाईबासा । पश्चिमी सिंहभूम टी-20 लीग के फाइनल मुकाबले के अवसर पर चाईबासा में श्री साई डांस अकादमी, चक्रधरपुर के ट्राइबल अखड़ा परफॉर्मिंग आर्ट्स के कलाकारों ने शानदार सांस्कृतिक प्रस्तुति देकर दर्शकों का मन मोह लिया। कलाकारों ने पारंपरिक जनजातीय नृत्य के साथ बाँस एवं सूप कला का हैरतअंगेज प्रदर्शन किया, बाँस से तैयार कलात्मक संरचनाओं के साथ कलाकारों की प्रस्तुति कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रही।
कार्यक्रम का सीधा प्रसारण फैनकोड के माध्यम से किया जा रहा था, जिससे भारत सहित विभिन्न देशों के दर्शकों तक भी इस सांस्कृतिक प्रस्तुति की झलक पहुँची। बड़े खेल आयोजन के मंच पर झारखंड की पारंपरिक बाँस एवं सूप कला की प्रस्तुति ने इस लोककला को व्यापक मंच प्रदान किया।
खास बात यह रही कि प्रस्तुति देने वाले सभी कलाकार ग्रामीण एवं कस्बाई क्षेत्रों से आने वाले बच्चे हैं। गाँव और छोटे कस्बों से निकलकर इन बच्चों ने बड़े मंच पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए झारखंड की जनजातीय संस्कृति को नई पहचान दिलाई।
मैच के बाद पश्चिमी सिंहभूम जिला क्रिकेट संघ के मानद सचिव असीम कुमार सिंह ने प्रस्तुति की सराहना करते हुए अकादमी को सम्मान स्मृति-चिह्न प्रदान किया।
संस्थापक एवं निदेशक हस्ती मुखी के मार्गदर्शन में प्रस्तुति दी गई। अकादमी लोक एवं जनजातीय संस्कृति के संरक्षण एवं संवर्धन हेतु पूर्णतः निःशुल्क प्रशिक्षण प्रदान करती है।
