पलामू : 1 अक्टूबर से पर्यटकों के लिए खुलेगा बेतला नेशनल पार्क, सफारी के साथ मिलेगा ट्रेडिशनल फूड का स्वाद
पलामू: पलामू का प्रसिद्ध बेतला नेशनल पार्क एक बार फिर पर्यटकों के स्वागत के लिए तैयार है। 1 अक्टूबर से बेतला नेशनल पार्क और पलामू टाइगर रिजर्व के क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों की शुरुआत होने की उम्मीद है। पर्यटक जंगल सफारी के साथ प्राकृतिक खूबसूरती का आनंद ले सकेंगे।
पलामू किला क्षेत्र में भी शुरू होगी सफारी
इस बार पर्यटकों के लिए बेतला नेशनल पार्क में कुछ खास व्यवस्थाएं की जा रही हैं। पलामू किला के इलाके में भी सफारी शुरू करने की योजना है। इससे पर्यटकों को जंगल और ऐतिहासिक स्थलों को करीब से देखने का एक नया अनुभव मिलेगा।
अक्टूबर से मार्च तक रहती है पर्यटकों की भीड़
बेतला नेशनल पार्क में अक्टूबर से मार्च तक पर्यटकों की संख्या सबसे अधिक रहती है। देश के अलग-अलग हिस्सों से पर्यटक यहां पहुंचते हैं। कई मौकों पर फ्रांस और जर्मनी जैसे देशों से भी विदेशी पर्यटक बेतला का भ्रमण करने आते हैं।
बाघ, हाथी और तेंदुए समेत कई वन्यजीवों का दीदार
बेतला नेशनल पार्क पर्यटकों के लिए वन्यजीवों को करीब से देखने का प्रमुख आकर्षण है। यहां बाघ, हाथी, चीता, तेंदुआ, हिरण और बायसन समेत कई तरह के जंगली जीव देखने को मिलते हैं। जंगल सफारी के दौरान पर्यटकों को इन वन्यजीवों और प्राकृतिक वातावरण का अनुभव करने का मौका मिलता है!
ट्रेडिशनल फूड को दिया जाएगा बढ़ावा
पलामू टाइगर रिजर्व के उपनिदेशक प्रजेशकान्त जेना के अनुसार, सब कुछ ठीक रहा तो 1 अक्टूबर से पर्यटन गतिविधियां शुरू कर दी जाएंगी। इस बार पर्यटकों को स्थानीय और पारंपरिक व्यंजनों का स्वाद उपलब्ध कराने के लिए ट्रेडिशनल फूड को बढ़ावा देने की भी योजना तैयार की गई है।
1 जुलाई से 30 सितंबर तक बंद रहता है पार्क
गाइडलाइन के अनुसार बेतला नेशनल पार्क को हर साल 1 जुलाई से 30 सितंबर तक बंद रखा जाता है। इस अवधि में किसी भी तरह की पर्यटन गतिविधि का संचालन नहीं किया जाता है। अब यदि परिस्थितियां अनुकूल रहीं तो 1 अक्टूबर से पार्क और पलामू टाइगर रिजर्व क्षेत्र में एक बार फिर पर्यटन गतिविधियां शुरू हो जाएंगी।
प्लास्टिक पर रहेगा प्रतिबंध
पर्यटन क्षेत्र को स्वच्छ और पर्यावरण के अनुकूल बनाए रखने के लिए प्लास्टिक पर प्रतिबंध रहेगा। पर्यटकों से भी अपील की जाएगी कि वे पार्क की प्राकृतिक सुंदरता और पर्यावरण को नुकसान न पहुंचाएं और निर्धारित नियमों का पालन करें।
