रांची: रसोई गैस (LPG) की लगातार किल्लत ने आम लोगों की रसोई की आदतों में
बड़े बदलाव ला दिए हैं। गैस सिलेंडर की अनिश्चित आपूर्ति और बढ़ती कीमतों के
चलते लोग तेजी से वैकल्पिक साधनों जैसे इंडक्शन चूल्हा और इलेक्ट्रिक हीटर की
ओर रुख कर रहे हैं। इस अचानक बढ़ी मांग ने बाजार की स्थिति पूरी तरह बदल दी है।
शहर के इलेक्ट्रॉनिक्स और किचन उपकरणों की दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ बढ़ गई
है। पहले जहां इंडक्शन चूल्हे सीमित मात्रा में बिकते थे, अब रोजाना बड़ी
संख्या में इनकी बिक्री हो रही है।
दुकानदारों का कहना है कि स्टॉक बनाए रखना चुनौतीपूर्ण हो गया है। कई दुकानों में इंडक्शन चूल्हे और हीटर पूरी तरह समाप्त हो चुके हैं, जबकि कुछ दुकानों में सीमित स्टॉक ऊंचे दामों पर बेचा जा रहा है। कीमतों में भी तेज बढ़ोतरी देखी जा रही है। जो इंडक्शन चूल्हा पहले 1,500 से 1,700 रुपये में आसानी से मिलता था, अब उसकी कीमत बढ़कर 2,500 से 3,000 रुपये तक पहुंच गई है। विशेष रूप से नामी कंपनियों के उत्पादों में यह वृद्धि अधिक देखी जा रही है। दुकानदारों के अनुसार, यह महंगाई सिर्फ रिटेल स्तर पर नहीं, बल्कि थोक बाजार से शुरू हुई है, जिसके कारण खुदरा बाजार में भी कीमतों में इजाफा करना पड़ा है।
